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भार का उच्च म न्यायालय
दाण्डि क अपीलीय क्षेत्राति कार
दाण्डि क अपीलीय संख्या 276-278/2022
जगदीश आदिद। अपीलार्थी& (ओं)
बनाम
राजस्र्थीान राज्य प्रति वादी (ओं)
दिनर्ण-य
संजीव खन्ना, जे.
पक्षकारों क
े दिवद्वान अति वक्ता को सुनने क
े बाद, हम अपीलक ा-ओं-जगदीश
और प्रकाश को भार ीय दं संदिह ा 1860 ('भा.दं.सं') की ारा 302 क
े सार्थी
पदि8 ारा 34 क
े ह दोषी 8हराने वाली 2017 की ी. बी. दाण्डि क अपीलीय
संख्या 1284 और 1444 से उत्पन्न 2022 की दाण्डि क अपीलीय संख्या 276
और 277 को खारिरज करने क
े इच्छ
ु क हैं। हालांदिक, हमने अपीलक ा-ओं-जगदीश
और प्रकाश को भा.दं.सं. की ारा 397 क
े ह आरोप से बरी कर दिदया है और
उन्हें भा.दं.सं. की ारा392 क
े ह दोषी 8हराया और सजा सुनाई है।
अपीलक ा-ओं-जगदीश और प्रकाश की पहचान मृ क क
े चचेरे भाई शिशव
भगवान1
द्वारा की गई जो मृ क राम चंद्र का चचेरा भाई है, जो राजस्र्थीान क
े सीकर
े पुलिलस र्थीाना लोसल में भार ीय दं भा.दं.सं. की ारा 365 और 392 क
े
ह दज- प्रर्थीम सूचना रिरपोर्ट- (एफ.आई.आर.) संख्या 35/2009 दिदनांदिक
06.03.2009 में शिशकाय क ा-/मुखदिबर है। शिशव भगवान2
ने, अपनी मजमून
रिरपोर्ट- में, जिजसे प्रदश- पी-7 क
े रूप में तिचदिN दिकया गया र्थीा, कहा दिक मृ क-राम चंद्र
ने हाल ही में बोलेरो वाहन खरीदा र्थीा, जिजसकी पंजीयन संख्या आरजे-29 यूए 261
र्थीे।
दिदनांक 05.03.2009 को लगभग रा 08:30 बजे, शिशव भगवान ने बस
स्र्टैं पर मृ क -राम चंद्र को 3-4 लोगों से बा ची कर े हुए देखा र्थीा, क्योंदिक वे
उन्हें क
ू चामन क ले जाने क
े लिलए वाहन दिकराए पर लेना चाह े र्थीे। मृ क-रामचंद्र
क
ू चामन क
े लिलए 4 व्यदिक्तयों क
े सार्थी दिनकला र्थीा। इसक
े बाद मृ क रामचंद्र रा को
घर नहीं लौर्टा। सुबह शिशव भगवान ने स्र्थीानीय बस स्र्टैं पर जाकर एक सहग्रामीर्ण
दुगा- राम से बा की, जिजसने कहा र्थीा दिक उन्होंने क
ु चामन स्र्टैं , लोसल में राम चंद्र
को 3-4 लोगों क
े सार्थी लड़ े हुए देखा र्थीा।
06.03.2009 को सुबह लगभग 03:00 बजे र नगढ़ पुलिलस ने बोलेरो
वाहन संख्या आरजे-29 यूए 261 को रोका। कांस्र्टेबल मशिर्णराम2
और हे कांस्र्टेबल
रिरखारम3
ने एक सार्थी बयान दिदया है दिक वे रा में गश् कर रहे र्थीे, जब उन्होंने
बोलेरो वाहन संख्या आरजे-29 यूए 261 को लापरवाही से चला े हुए देखा। दो
व्यदिक्त वाहन से उ रे और फरार हो गए, लेदिकन उनमें से एक, जिजसकी पहचान
अपीलक ा--जगदीश क
े रूप में की गई, को पकड़ लिलया गया। अपीलक ा- प्रकाश को
एक अन्य व्यदिक्त, जो बाद में एक दिकशोर पाया गया, जो वाहन में र्थीा,क
े सार्थी दिहरास
में लिलया गया। गाड़ी की दिपछली सीर्ट पर खून क
े ब्बे पाए गए।कांच और खून से सने
कपड़े पाए गए और उन्हें जब् कर लिलया गया। कांस्र्टेबल मशिर्णराम4
और हे
का बयान दिवश्वसनीय और भरोसा करने लायक है । अपीलार्थिर्थीयों-
जगदीश और प्रकाश की दिगरफ् ारी पर उनक
े कर्थीन पर अदिवश्वास करने का शायद ही
कोई आ ार है.
अपीलक ा-ओं-जगदीश और प्रकाश क
े प्रकर्टीकरर्ण बयान पर, जो क्रमशः
प्रदश- पी-39 और प्रदश- पी-38 क
े रूप में तिचदिN हैं, बस स्र्टैं , राजपुरा क
े पास
पुराने क
ु एं में राम चंद्र का शव पाया गया। इन थ्यों को कांस्र्टेबल शिशव भगवान6
और
कांस्र्टेबल मशिर्ण राम7
द्वारा सादिब और स्र्थीादिप दिकया गया है। इन थ्यों, परीक्षर्ण
पहचान परे में अपीलक ा-ओं-जगदीश और प्रकाश की शिशव भगवान द्वारा पहचान
और 5 माच-, 2009 को मृ क राम चंद्र क
े सार्थी देखे गए व्यदिक्तयों क
े रूप में
न्यायालय क
े क8घरे में पहचान से, अपीलक ा-ओं-जगदीश और प्रकाश क
े लिखलाफ
अशिभयोजन पक्ष की पुदि_ हो ी है, इसमें कोई संदेह नहीं है। भार ीय दं संदिह ा की
ारा 302 सपदि8 ारा 34 क
े ह दोषजिसति` और सजा को चुनौ ी देने वाली
उनकी अपीलें खारिरज की जा ी हैं। हालांदिक, साक्ष्य क
े अभाव में, भा.दं.सं. की ारा
397 क
े ह और वह भी भा.दं.सं. की ारा 34 की सहाय ा से उनकी दोषजिसति`
आवश्यक नहीं है और कानून क
े दिवपरी है। इसक
े बजाय, उन्हें भा.दं.सं. की ारा
392 क
े सार्थी पदि8 ारा 34 क
े ह दोषी 8हराया जा ा है और 5 साल क
े
कारावास और 2000/- रुपये क
े जुमा-ने का दं दिदया जा ा है और जुमा-ने का
भुग ान न करने की ण्डिस्र्थीति में, ीन महीने क
े सा ारर्ण कारावास का दं भुग ना
पड़ेगा। ये सजाएं सार्थी-सार्थी चलेंगी। हालांदिक हमारी सुदिवचारिर राय में, अपीलक ा--
बबलू उफ
- बलवीर उफ
- रूप सिंसह द्वारा दायर 2017 की ी. बी. आपराति क अपील
संख्या 1633 से उत्पन्न 2022 की दाण्डि क अपीलीय सं 278 को अनुमति दी
जा ी है.
- रूप सिंसह को उस समय दिगरफ् ार नहीं
दिकया गया र्थीा जब वाहन जब् दिकया गया र्थीा और अपीलक ा--जगदीश और प्रकाश
को दिगरफ् ार दिकया गया र्थीा। अपीलक ा- बबलू उफ
- रूप सिंसह को इस
मामले में 13.05.2010 को गंगापुर जिसर्टी जेल से दिगरफ् ार दिकया गया र्थीा, यादिन
की घर्टना घदिर्ट होने क
े एक वष- बाद। कांस्र्टेबल शिशव भगवान, हे कांस्र्टेबल
रेखाराम और कांस्र्टेबल मशिर्णराम अपने बयानों में वाहन में चार व्यदिक्तयों की
उपण्डिस्र्थीति का उल्लेख कर े हैं, हालांदिक शिशकाय क ा-/सूचना देने वाले शिशव भगवान
द्वारा दी गई रिरपोर्ट-/प्रर्थीम सूचना क
े मु ादिबक 3-4 व्यदिक्तयों ने मृ क-राम चंद्र से
उसकी बोलेरो वाहन संख्या आर जे-29 यूए 261 को दिकराए पर लेने क
े लिलए
बा ची की र्थीी। घर्टना क
े 13 महीने से अति क समय बाद शिशकाय क ा-/मुखदिबर-
शिशव भगवान द्वारा पहचान करने हे ु परीक्षर्ण परे 28.06.2010 को आयोजिज की
गई र्थीी। पुलिलस अति कारिरयों को पहचान परे में नहीं ले जाया गया।अशिभयोजन पक्ष
कशिर्थी रूप से बबलू उफ
- रूप सिंसह से कार की चाबी की बरामदगी पर
दिनभ-र कर ा है, लेदिकन इस साक्ष्य पर दिवश्वास नहीं दिकया जाना चादिहए, क्योंदिक यह
ऐसा प्रकरर्ण नहीं है दिक वाहन की चाबी गायब र्थीी, या बरामद चाबी का वाहन से
दिमलान दिकया गया र्थीा। दिवचलन और अपसरर्ण को देख े हुए, हम
शिशकाय क ा-/मुखदिबर-शिशव भगवान द्वारा बबलू उफ
- रूप सिंसह की
न्यायालय में ॉक पहचान को बबलू उफ
- रूप सिंसह की दोषजिसति` को
बनाए रखने क
े लिलए एकमात्र आ ार क
े रूप में प्रति ग्रहर्ण करने क
े इच्छ
ु क नहीं हैं। हम, दनुसार, अपीलक ा- बबलू उफ
- रूप सिंसह को संदेह का लाभ देंगे-
उसकी दोषजिसति` रद्द की जा ी है और उसे बरी दिकया जा ा है। अपीलक ा-- बबलू
उफ
- रूप सिंसह को ुरं रिरहा करने का दिनदhश दिदया जा ा है, बश h दिक
उसे कानून क
े अनुसार दिकसी अन्य मामले में दिहरास में रखने की आवश्यक ा न हो.
की बखा-स् गी,समय से पहले रिरहाई/माफी क
े लिलए उनक
े द्वारा प्रस् ु दिकए जाने वाले
अभ्यावेदन क
े रास् े में नहीं आएगी। ऐसे दिकसी भी अभ्यावेदन पर कानून क
े अनुसार
दिवचार दिकया जाएगा और दिनर्ण-य लिलया जाएगा।
लंदिब आवेदन, यदिद कोई हो, दिनस् ारिर दिकए जा े हैं। .... जे.
(संजीव खन्ना) .... जे.
(एम एम सुंदरेश)
नई दिदल्ली
22 फरवरी, 2023
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JUDGMENT
1. पी ब्ल्यू-1 सेशन क े स नंबर 47/2015 और पी ब्ल्यू-10 सेशन क े स नंबर 48/2015 में। 2.पी ब्ल्यू-6 सेशन क े स नंबर 47/2015 और 48/2015 में।
3. पी ब्ल्यू-9 सेशन क े स नंबर 47/2015 में और पी ब्ल्यू-14 सेशन क 4.पी ब्ल्यू-6 सेशन क े स नंबर 47/2015 और 48/2015 में।
5. पी ब्ल्यू-9 सेशन क े स नंबर 47/2015 में और पी ब्ल्यू-14 सेशन क
6. पी ब्ल्यू-6 सेशन क े स नंबर 47/2015 में और पी ब्ल्यू-3 सेशन क (यह अनुवाद आर्टिर्टदिफशिशयल इंर्टेलिलजेंस र्टूल 'सुवास 'क े जरिरए अनुवादक की सहाय ासे दिकया गया है।) अस्वीकरर्ण: यह दिनर्ण-य वादी क े प्रति बंति उपयोग क े लिलए उसकी भाषा में समझाने क े लिलए स्र्थीानीय भाषा में अनुवादिद दिकया गया है और दिकसी अन्य उद्देश्य क े लिलए इसका उपयोग नहीं दिकया जा सक ा है। सभी व्यावहारिरक और आति कारिरक उद्देश्यों क े लिलए, दिनर्ण-य का अंग्रेजी संस्करर्ण प्रामाशिर्णक होगा और दिनष्पादन और काया-न्वयन क े उद्देश्य से अंग्रेजी संस्करर्ण ही मान्य होगा।