Kirit Mistry v. K Finvest Ltd

Supreme Court of India · 09 Aug 2023 · 2023 INSC 262
2402/2008
2023 INSC 262
corporate appeal_dismissed Significant

AI Summary

The Supreme Court held that under Regulation 4 of the Bombay Stock Exchange Membership Regulations, 1992, the transferor of a stock exchange membership card is entitled to the fee payable on the transfer, dismissing the appeal of the transferee challenging this entitlement.

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(इंग्रजी मध्ये टंकलि खि त न्या यनि र्णय चा मरा ठी अ वा द)
प्रक श य#ग्य
भा रात च्या सवा(च्च न्या य य त
निदवा र्ण अनि* य अलि+क रिरात
निदवा र्ण अ* क्र. २४०२/२००८.
जी * एसक क
5 नि*टं प्र यव्हेटं लि लिमटंड
(*8वा9 मत्री फा य न्स लि लिमटंड म्हर्ण8 ओळ जी र्ण रा) … अ* कत
निवारुद्ध
भा रात चा रा# आलिर्ण निवानि मय मडळ … उत्तरावा द
सह
निदवा र्ण अ* क्र. ५६३६/२००७.
न्या यनि र्णय
रास्तो#गी , न्या यम8त9.
२००८ चा निदवा र्ण अ* क्र. २४०२.
१. प्रस्तोत अ* ह भा रात चा रा# आलिर्ण निवानि मय मडळ अलि+नि यम, १९९२ (य
JUDGMENT

2023 INSC 262

*ढे १९९२ चा अलि+नि यम अस सबो#+ आह) च्या क म १५(झेड) अतगीत रा# अ* न्या य लि+करार्ण (य *ढे "न्या य लि+करार्ण" म्हर्ण8 सबो#+ आह) य भा रात चा रा# आलिर्ण निवानि मय मडळ, मबोई (य *ढे “मडळ” म्हर्ण8 सबो#+ आह) य चा निद क ०७ म, २००७ रा#जी चा आदश ज्या द्वा रा अ* कर्त्या १९९२ च्या भा रात च्या रा# आलिर्ण निवानि मय मडळ च्या (रा# द आलिर्ण दय्यम द ) निवानि यम च्या (य *ढे निवानि यम अस सबो#+ आह) अ स8चा त च्या ड ४ म+ अटं चा *8तत क ह आलिर्ण र्त्या मळ *8वा9च्या वाZयखि[क श्री क त मत्री य मडळ कड ज्या क वा+ करिरात शल्क जीम क आह र्त्या क वा+ स ठी शल्क भाराण्या * स8 चा स8टं क_*(राटं सस्था एम.एफा. ए . मध्ये रू* तरिरात क जी ऊ शकत ह र्त्या आदश *ष्टी दर्ण रा निद क ९ ऑगीस्ट, २००७ रा#जी निद नि र्णय आलिर्ण आदश य आव्हे दण्या स ठी द क आह. २. प्रकरार्ण चा थो#डक्या त म निहत अश आह कh, एक श्री क त मत्री क कत्त स्ट_क एक्स्चेंkजीचा सदस्य बो (य *ढे "स . एस. ई ." म्हर्ण8 सबो#+ जी ई ) आलिर्ण ३० #व्हेkबोरा, १९९२ रा#जी र्त्या चा रा# द म्हर्ण8 #दर्ण मजी8रा झे . क+ तरा स १९९७

मध्ये, र्त्या र्त्या चा स्वतn चा स . एस. ई.चा सदस्यत्व क ड मत्री फा य न्स लि लिमटंड (य *ढे "क* " म्हर्ण8 सबो#+ जी ई ) - यथो अ* कत च्या वा हस्तो तरिरात कराण्या चा नि र्णय घेत . सदरा क* निद क २७ निडसkबोरा, १९९८ रा#जी , क* नि बो+क, क कत्त य च्या कड उषा ग्र म प्र_*टं9जी अsड फा य न्स लि लिमटंड च्या वा आलिर्ण शZ #दर्ण क t त झे ल्या बो बोत क#र्णत ह वा द व्हेत . तरा, निद क १३ #व्हेkबोरा, १९९२ रा#जी नित नितचा वा बोद 8 मत्री फा य न्स लि लिमटंड अस क . क* १९९५ मध्ये रा# द चा व्यवास य सरू क आलिर्ण ए . एस. ई. चा सदस्य बो आलिर्ण र्त्या तरा रा# द म्हर्ण8 #दर्ण व्हे वा य करिरात मडळ कड अजी क आलिर्ण १७ ऑक्टो#बोरा, १९९५ रा#जी रा# द म्हर्ण8 ए . एस. ई. चा सदस्यत्व लिमळवा . र्त्या तरा, श्री क त मत्री य चा सदस्यत्व क ड क* च्या वा हस्तो तरिरात कल्या तरा, क* स . एस. ई. चा सदस्य बो आलिर्ण १ एनिप्र , १९९८ रा#जी नितचा स . एस. ई. चा रा# द म्हर्ण8 #दर्ण झे . ३. श्री क त मत्री य च्या कड8 क ड हस्तो तरार्ण झे ल्या वारू स . एस. ई. चा सदस्यत्व प्र प्त कल्या तरा, अ* कर्त्या क* द वा क कh ज्या क वा+ स ठी

श्री क त मत्री य आ+ चा शल्क भारा ह#त र्त्या क वा+ स ठी #दर्ण शल्क भाराण्या * स8 क* स8टं लिमळ वा . दसऱ्या शब्दां त, श्री क त मत्री य आ+ चा भारा ल्या शल्क त8 स8टं लिमळण्या चा भा लिमळण्या स ठी द वा क . र्त्या चा वाळ|, क* द वा क कh निवानि यम च्या अ स8चा त म+ *रिराच्छेद ४ अतगीत निवानिहत क ल्या सवा अटं *8र्ण कल्या आहत आलिर्ण म्हर्ण8 चा, त स8टं लिमळण्या स हक्कद रा आह. ४. क* चा सदरा द वा मडळ निद क ७ म, २००७ रा#जी च्या आदश द्वा रा अस क रार्ण दऊ क रा कh श्री क त मत्री ह र्त्या चा सदस्यत्व हस्तो तरिरात झे ल्या तरा त वाषा •च्या क वा+ त क* मध्ये फा[ सचा क ह#त आलिर्ण त *8र्ण वाळ सचा क सल्या मळ, अ स8चा त म+ *रिराच्छेद ४ अतगीत निवानिहत क ल्या अटं चा *8तत ह#त ह आलिर्ण र्त्या मळ, अ* कत क* नित निवा त कल्या स रा स8टं लिमळण्या चा द वा कराण्या स हक्कद रा व्हेत . ५. अ* कर्त्या क* मडळ च्या निद क ७ म, २००७ रा#जी च्या आदश निवारुद्ध द# मद्द्यां वारा न्या य लि+करार्ण सम#रा अ* द क : (i) रा# द एक *क्षा जी स्तो स्ट_क एक्स्चेंkजीमध्ये व्यवास य

कराण्या स ठी एक लि+क #दर्ण चा आवाश्यकत आह क निकवा सवा स्ट_क एक्सचाkजीस ठी एकचा #दर्ण *राश अस क ? (ii) अ* कत क* अ स8चा त म+ *रिराच्छेद ४ अतगीत तरात8द क ल्या फाh स तर्त्या भा स ठी हक्कद रा आह कh ह . ६. मद्दा क्र. (i) सदभा त, निवाद्वा न्या य लि+करार्ण अस नि र्णय निद कh एक रा# द चा अ क स्ट_क एक्स्चेंkजीमध्ये अ क सदस्यत्व अस आलिर्ण त# तथो8 र्त्या चा क मक जी करा त अस तरा ह मडळ बो बोत एकचा #दर्ण *राश आह आलिर्ण म्हर्ण8 , मडळ कड प्र रालिभाक #दर्ण स ठी शल्क भारा वा गी आलिर्ण अस नि र्णय दऊ आक्षानि*त आदश राद्दा क आलिर्ण १७ ऑक्टो#बोरा, १९९५ * स8 क* च्या #दर्ण च्या आ+ रा वारा दय #दर्ण शल्क चा व्य *रिरागीर्ण कराण्या स ठी प्रकरार्ण मडळ कड *रात * ठीवा . ७. जी#*य•त मद्दा क्र. (ii) सबोलि+त आह, निवाद्वा न्या य लि+करार्ण अस नि र्णय निद कh अ* कत क* निवानि यम च्या अ स8चा त म+ ड (४) च्या अटं चा *8तत क ह आलिर्ण त , श्री क त मत्री य *8वा9च्या ज्या वाZयखि[क क वा+ स ठी शल्क भारा आह र्त्या क वा+ स ठी शल्क भाराण्या * स8 स8टं लिमळनिवाण्या चा द वा

कराण्या स * त्री ह . ८. म्हर्ण8 , निद क ९ ऑगीस्ट, २००७ रा#जी च्या न्या य लि+करार्ण च्या अगीद र्त्या चा आक्षानि*त न्या यनि र्णय च्या निवारा#+ त अ* कर्त्या क* तसचा मडळ अ* द क आह. ९. अ* कर्त्या स ठी निवाद्वा वानिक स दरा क ल्या यखि[वा द चा मख्य जी#रा *ढे प्रम र्ण ह#त : सरुवा त स, श्री क त मत्री ह मसस गी#निवाद प्रस द श्री क त अsड क* य व्य वास नियक सस्थाचा एकमवा म क ह#त जी निद क ३० जी वा रा , १९९२ * स8 मडळ कड #दर्ण क t त आह. नित , अ स8चा त , ड ४ अतगीत, सदस्यत्व चा क_*(राटं सस्थामध्ये रू* तरार्ण कराण्या स ठी अजी क आलिर्ण र्त्या अ स रा जीन्या सस्थाचा म्हर्णजी मसस गी#निवाद प्रस द श्री क त अsड क* (सबो #दर्ण क्रम क आय. ए . बो . ०३००५४७१५) चा १ एनिप्र , १९९८ * स8 क_*(राटं सस्थामध्ये रू* तरार्ण कराण्या त आ . र्त्या स रा, अ* कत य निवानि यम जी#ड ल्या अ स8चा त म+ *रिराच्छेद ४ मध्ये दशनिवाल्या स रा *8वा-अटं चा *8तत क आलिर्ण ह मडळ प्रथोमतn क उघेड- उघेड चा8क ह#त आलिर्ण अगीद न्या य लि+करार्ण ह निवाद्वा वानिक र्त्या च्या *ढे म ड

तथ्या त्मक घेटंक निवाचा रा त घेत ह त. १०. निवाद्वा वाकh *ढे स दरा करात त कh वाZयखि[क रा# द क म चा क_*(राटंमध्ये रू* तरार्ण कराण्या स ठी आलिर्ण रा# द चा क म सस्था त्मक कराण्या स ठी मडळ च्या +#रार्ण स रा अ स8चा त मध्ये मध्ये *रिराच्छेद ४ जी#ड गी ह#त . र्त्या *ढे अस स दरा क कh अथोउक ह +#रार्ण च्या उद्दाश आलिर्ण उनिद्दाष्टी श ससगीत अस * निहजी ज्या मध्ये *रिराच्छेद ४ अ स8चा त मध्ये जी#ड गी ह#त . ११. निवाद्वा वाकh *ढे स दरा करात त कh रू* तरार्ण च्या बो बोत त, वाZयखि[क #दर्ण क_*(राटं #दर्ण मध्ये रू* तरिरात क गी आह आलिर्ण म्हर्ण8 , फाh भारार्ण कराण्या * स8 स8टं उ* ब्ध आह. र्त्या *ढे अस स दरा क कh अ स8चा त म+ *रिराच्छेद ४ ह द# #दर्ण बो बोत निवाचा रा करात ह . *रिराच्छेद ४ चा स्पष्टी करार्ण, ए द्या क ल्पनि क कल्प स रा, *8वा9च्या सदस्यत्व * स8 त रू* तरिरात सदस्यत्व *य•त शल्क भाराण्या *य•तचा स तर्त्या अनि वा य करात. र्त्या *ढे यखि[वा द क कh म्हर्ण8 , रू* तरार्ण च्या बो बोत त, क यद अस अनि वा य करात# कh, रू* तरिरात क_*(राटं सस्थाकड8 क#र्णत ह वा फाh वास8 क जी र्ण रा ह . तथ्या आलिर्ण *रिराखिस्थात चा निवाचा रा करात ,

न्या य लि+करार्ण निद ल्या नि ष्कषा •मध्ये य न्या य य हस्तोक्षा* करार्ण आवाश्यक आह. १२. य उ टं, प्रनितवा द च्या निवाद्वा वानिक , मडळ निद ल्या आलिर्ण न्या य लि+करार्ण *ष्टी क ल्या नि ष्कषा •चा समथो करात *ढे प्रम र्ण यखि[वा द क : अलिभा वारा आ ल्या स निहर्त्या चा मडळ तसचा न्या य लि+करार्ण , अश द# टंप्प्यां त अलि+म8ल्या क आह. श्री क त मत्री य र्त्या चा स . एस. ई. चा सदस्यत्व क ड अ* कर्त्या क* कड हस्तो तरिरात क , त र्त्या मध्ये *8र्ण-वाळ सचा क व्हेत तरा कवाळ सचा क ह#त आलिर्ण क_*(राटं सस्था ह कवाळ वाZयखि[क निकवा भा गी द रा सदस्यत्व क_*(राटं सस्थामध्ये रू* तरिरात क अस तराचा #दर्ण शल्क भाराण्या * स8 स8टं लिमळण्या चा द वा कराण्या स हक्कद रा आह, य बो बोत क#र्णत ह निवावा द ह . तथो नि*, प्रस्तोत प्रकरार्ण त, श्री क त मत्री य स्वत: क_*(राटं सस्थामध्ये रू* तरिरात क ह , उ टं र्त्या स्वतn चा स . एस. ई. चा सदस्यत्व क ड अखिस्तोत्व त अस ल्या क* च्या वा हस्तो तरा त क आलिर्ण त र्त्या क* त सचा क बो . १३. र्त्या स रा, अ* कत निवानि यम च्या अ स8चा त म+ *रिराच्छेद ४ चा सदभा दऊ र्त्या स रा स8टं लिमळनिवाण्या चा द वा कराण्या स हक्कद रा ह ह मडळ

य#ग्यरिरार्त्या नि र्ण9त क आह ज्या बो बोत न्या य लि+करार्ण र्त्या च्या आक्षानि*त आदश त *ष्टी क आह. तसचा अ* कर्त्या र्त्या चा ड करार्ण रा क#र्णत ह *रा वा य न्या य य च्या अलिभा वारा स दरा क ह . अश *रिराखिस्थात त, अ* थो9 क* च्या सचा वारू द क ल्या अ* मध्ये वास्तोखिस्थात बो बोतच्या समवात9 नि ष्कषा •मध्ये अडथोळ आर्णण्या चा क#र्णतह क रार्ण निकवा औलिचार्त्या निदसत ह . १४. आम्ह *क्षाक रा चा निवाद्वा वाकh य चा म्हर्णर्ण ऐक आलिर्ण र्त्या च्या मदत अलिभा वारा उ* ब्ध क गीद*त्री चा अवा #क क आह. १५. जी#*य•त मद्दा क्र. (i) - रा# द एक *क्षा जी स्तो स्ट_क एक्स्चेंkजीवारा क म कराण्या स ठी एक लि+क #दर्ण आवाश्यक आह निकवा सवा स्ट_क एक्सचाkजीसस ठी एकचा #दर्ण *राश अस , चा सबो+ आह, त# मद्दा य न्या य य भा रात चा रा# आलिर्ण निवानि मय मडळ निवारुद्ध रा ष्टी” य शअरा बो जी रा सदस्य सघे आलिर्ण इंतरा एक1 य प्रकरार्ण मध्ये नि र्ण9त क आह आलिर्ण य न्या य य * रिरात क सदरा न्या यनि र्णय निवाचा रा त घेत य सदभा त क#र्णत ह प्रश्न लिशल्लक रा निह ह . सदरा न्या यनि र्णय मध्ये नि र्णय दण्या त आ त# *ढे प्रम र्ण: 1 २०२२ एस. स . स . ऑनला ईन एस. स . १३९२.

“४७. अश प्रक रा, आम्ह निवाचा रा त घेत ल्या दृष्टी क# त8 , अलि+नि यम च्या क म १२(१) मध्‍य सदलिभात "प्रम र्ण*त्री" य अलिभाव्य[ चा नि यम, १९९२ आलिर्ण निवानि यम १९९२ च्या य#जी सह एकनित्रीत वा चा कल्या स, एक अ*रिराह य नि ष्कषा नि घेत# कh रा# द त# ज्या -ज्या शअरा बो जी रा म+8 र्त्या चा क मक जी करात# र्त्या प्रर्त्याक शअरा बो जी रा करिरात सबो कड8 #दर्ण चा प्रम र्ण*त्री घेर्ण एवाढेचा आवाश्यक ह , तरा र्त्या , र्त्या चा वाळ|, २८ म चा, २००२ रा#जी च्या *रिरा*त्रीक अतगीत निवानिहत क ल्या *रिरागीर्ण स रा सबो कड8 निदल्या गी ल्या प्रर्त्याक प्रम र्ण*त्री करिरात निवानि यम १९९२ च्या निवानि यम १० मध्ये जी#ड ल्या भा गी त मध्ये निवानिहत कल्या स रा यथो म8ल्या शल्क भारा वा गी आलिर्ण रा# द त शल्क म गीदशक तत्व म्हर्ण8 भारार्ण क * निहजी जी १९९२ च्या निवानि यम च्या य#जी स ससगीत आह. १६. प्रस्तोत अ* मध्ये सम निवाष्टी अस वा दमद्दा यथो*य•त स लिमत आह कh अ* करार्ण रा क* निवानि यम १९९२ च्या अ स8चा त म+ *रिराच्छेद ४ अतगीत फाh

स तर्त्या भा स ठी * त्री आह कh ह . १७. सदरा वा द मद्दा क्र. (ii) चा *रा क्षार्ण कराण्या स ठी , सवाप्रथोम निवानि यम, १९९२ च्या अ स8चा त म+ *रिराच्छेद ४ मध्ये क य म्हटं आह य चा #द घेर्ण य#ग्य ठीरा , जी प्रम र्ण आह: “जीथो एक क_*(राटं सस्थाचा स्था * अश वाZयखि[क निकवा भा गी द रा सदस्य च्या सदस्यत्व क डचा रू* तरा करू कराण्या त आ अस , अश क_*(राटं सस्था *8वा9च्या वाZयखि[क निकवा भा गी द रा सदस्य , यथो खिस्थात , ज्या क वा+ स ठी आ+ चा शल्क भारा अस र्त्या क वा+ स ठी शल्क भाराण्या * स8 स8टं निद जी ई य अटं वारा कh *8वा9चा व्य[ निकवा भा गी द रा अश प्रक रा रू* तरिरात क_*(राटं सदस्य चा *8र्णवाळ सचा क अस आलिर्ण अस सचा क, अश रू* तरार्ण च्या त रा * स8 कम त कम त वाषा •स ठी ए द्या व्य[ स ठी क_*(राटं सस्थाच्या एक 8 र्ण भारार्ण क ल्या भा गी भा डवा च्या निकम ४० टंक्क भा गी + रार्ण करार्ण चा 8 ठीवात .

स्पष्टी करार्ण: ह स्पष्टी क जी त कh (स्ट_क) एक्सचाkजीच्या वाZयखि[क निकवा भा गी द रा सदस्यत्व क डचा क_*(राटं सस्थात रू* तरा जीन्या सस्थाचा *ढे चा 8 असण्या स रा म जी ई आलिर्ण ज्या क वा+ स ठी *8वा9च्या सस्था नि यम स रा शल्क भारा आह र्त्या क वा+ स ठी रू* तरिरात सस्थाकड8 *न्हा क#र्णतह शल्क वास8 क जी र्ण रा ह . १८. मडळ , प्रथोमतn , ७ म, २००७ च्या आदश स अ सरू अलिभा वारा स दरा क ल्या *रा व्य चा म8ल्या कल्या तरा, आलिर्ण १९९२ च्या निवानि यम म+ अ स8चा त म+ *रिराच्छेद ४ निवाचा रा त घेऊ प्रम र्ण र्त्या चा नि ष्कषा * रिरात क : “३.११ फाh भाराण्या * स8 चा स8टं क_*(राटं सस्था भा प्रद करात. अस भा मजी8रा कराण्या स ठी , ज्या अटं च्या अ+ अस भा उ* ब्ध आह र्त्या अटं सशय त त प्रस्था नि*त करार्ण आवाश्यक आह. एम. एफा. ए . द्वा रा स दरा क ल्या सबोलि+त क वा+ स ठी च्या वा निषाक निवावारार्ण च्या सर्त्याप्रत वारू अस निदसत कh, श्री . श्री क त मत्री ह

सचा क ह#त, *रात, सबोलि+त क वा+ त त *8र्णवाळ सचा क व्हेत. क* नि बो+क च्या क य य कड8 निद क २८ एनिप्र , १९९७ आलिर्ण निद क १९ म, १९९९ रा#जी झे ल्या वा निषाक सवास + रार्ण सभाच्या सदभा त * प्र प्त क ल्या प्रत वारू द ह बो बो लिसद्ध ह#त. एम. एफा. ए . निद क २१ जी वा रा १९९८ रा#जी अलि+स8चा जी रा कल्या तरा म्हर्णजी रु* तरिरात क_*(राटं सस्था ज्या अटं च्या अ+ रा हू स8टं निद जी ऊ शकत र्त्या गी8 झे ल्या तरा #दर्ण मजी8रा कराण्या त आ ह#त . वारा बो बो वारू ह स्पष्टी ह#त कh, एम. एफा. ए . निवानि यम च्या अ स8चा त म+ ड १ (४) म+ अटं *Zकh निकम एक अटं *8र्ण क ह आलिर्ण म्हर्ण8 , एम. एफा. ए . ह *8वा9चा व्य[ श्री . श्री क त मत्री य ज्या क वा+ स ठी अगी#दराचा शल्क भारा ह#त र्त्या क वा+ स ठी शल्क भाराण्या * स8 स8टं लिमळण्या स * त्री ह#ऊ शकत ह .” १९. अ* कर्त्या क* अ* स दरा कल्या वारा, मडळ , अलिभा वारा

*रा व्य चा *न्हा अलि+म8ल्या कल्या वारा, निद क ९ ऑगीस्ट, २००७ रा#जी च्या र्त्या च्या आक्षानि*त आदश द्वा रा नि ष्कषा •चा *ष्टी क त प्रम र्ण : “…. द स्वतn चा क_*(राटं करार्ण कराण्या स प्र#त्सा निहत कराण्या स ठी मडळ एक +#रार्ण स्व क रा जीर्णकरु र्त्या चा क य अलि+क * रादशक ह#ई क रार्ण क_*(राटं सस्था कड व्य[ आलिर्ण भा गी द रा च्या त त अलि+क आलिर्ण चा गी नि य मक नि यत्रीर्ण आहत. ह उद्दाश निवाचा रा त घेऊ , मडळ , निद क २१.१.१९९८ * स8 निवानि यम मध्ये अ स8चा त मध्ये *रिराच्छेद ४ *8रा:स्था नि*त क आलिर्ण क_*(राटं सस्थामध्ये रू* तरार्ण ह#ण्या *8वा9 वाZयखि[क निकवा भा गी द रा द्वा रा आ+ चा भारा ल्या शल्क चा भा दण्या चा नि र्णय घेत . आमच्या सम#रा निवाचा रा थो अस ल्या प्रकरार्ण मध्ये मडळ च्या अस नि दश स आ कh, जीव्हे श्री क त मत्री य र्त्या चा स . एस. ई.चा सदस्यत्व क ड क* हस्तो तरा त क , र्त्या वाळस त र्त्या क* मध्ये *8र्णवाळ सचा क व्हेत तरा कवाळ एक सचा क ह#त. अ* कर्त्या

सदरा बो बो आमच्या सम#रा अम न्या क . य सबो+ त नि ष्कषा #दनिवार्ण ह आमच्या स ठी आवाश्यक ह क रार्ण आमचा अस मत आह कh स तर्त्या च्या अभा वा च्या क रार्ण स्तोवा क* ह अ स8चा च्या *रिराच्छेद ४ अतगीत भा स ठी * त्री ह आह. आ+ चा #द घेण्या त आल्या प्रम र्ण, जीरा कवाळ व्य[ निकवा भा गी द रा ह क_*(राटं सस्थामध्ये रू* तरिरात कराण्या त आ अस तरा क_*(राटं सस्था #दर्ण शल्क भाराण्या * स8 स8टं लिमळण्या चा द वा करू शकत ह . प्रस्तोत प्रकरार्ण त, श्री क त मत्री य स्वतn क_*(राटं सस्थात रू* तरिरात क ह *र्ण र्त्या ऐवाजी , र्त्या र्त्या चा स . एस. ई. चा सदस्यत्व क ड निवाद्याम क* कड हस्तो तरिरात क आलिर्ण र्त्या त त सचा क झे . निवानि यम मध्ये अश प्रकरार्ण मध्ये स8टं दण्या चा तरात8द ह . आमच्या सम#रा निवाचा रा थो अस क* ह अखिस्तोत्व त अस क* ह#त आलिर्ण म्हर्ण8 , जीव्हे श्री क त मत्री य र्त्या चा सदस्यत्व क ड हस्तो तरिरात कल्या वारा त स . एस. ई. चा सदस्य बो तव्हे त

16,205 characters total

*रिराच्छेद ४ अतगीत भा लिमळण्या चा द वा करू शकत ह . कवाळ श्री क त मत्री य स्वत:चा चा स्था * क* म्हर्ण8 क असत आलिर्ण द चा व्यवास य सरू ठीवा असत तराचा त अश भा चा द वा करू शकत. तस सल्या मळ, क* *रिराच्छेद ४ च्या भा चा द वा करू शकत ह अस आमचा स्पष्टी मत आह. प्रकरार्ण बो बोतच्या य दृनिष्टीक# त8 , मडळ अ* कर्त्या चा द वा मजी8रा कराण्या चा निद आदश क यम ठीवाण्या स आम्ह क#र्णत ह सक#चा ह .” २०. ह अनिवावा निदत रा निह कh, श्री क त मत्री य र्त्या चा स . एस. ई. चा सदस्यत्व क ड क* कड हस्तो तरिरात क तव्हे त *8र्णवाळ सचा क व्हेत तरा त कवाळ एक सचा क ह#त. श्री क त मत्री य अनि* थो9 क* मध्ये ४०% शअराह#खि•गी क#र्णर्त्या त रा लिमळनिवा ह#त य बो बोत स . एस. ई. निकवा र्त्या चा अतगीत *रा क्षाक य च्या कड क#र्णत ह स्पष्टी म निहत उ* ब्ध व्हेत . र्त्या चा वाळ|, मडळ र्त्या च्या निद क १८ म चा १९९८ च्या *त्री द्वा रा स . एस. ई. कळनिवा कh श्री क त मत्री ह क_*(राटं सस्थाच्या भारार्ण झे ल्या भा डवा च्या ४०% *क्षा कम भा डवा + रार्ण करात ह#त.

न्या य लि+करार्ण असह #दनिवा ह#त कh, अ* कत क* स दरा क ल्या वा निषाक निवावारार्ण*त्री च्या सर्त्याप्रत वारू अस नि ष्पन्न झे कh अनि* थो9 क* सचा क बो बोत *रानिवा ल्या त*श मध्ये क#ठीह श्री क त मत्री ह सबोलि+त वाषा •*Zकh क#र्णर्त्या ह वाषा स ठी *8र्णवाळ सचा क म्हर्ण8 ह#त अस दशनिवा ह . श्री क त मत्री य चा *द सवा सबोलि+त वाषा •च्या वा निषाक निवावारार्ण*त्री मध्ये "सचा क" म्हर्ण8 दशनिवा आह. क* नि बो+क च्या क य य कड8 निद क २८ एनिप्र , १९९७ आलिर्ण निद क १९ म, १९९९ रा#जी झे ल्या वा निषाक सवास + रार्ण सभाच्या सदभा त * प्र प्त क ल्या प्रत वारू द ह स्था नि*त क गी ह#त. २१. र्त्या चा वाळ|, अ* कत क* , निद क २१ जी वा रा , १९९८ रा#जी च्या अलि+स8चा द्वा रा *रिराच्छेद क्र. ४ गी8 क गील्या तरा नितचा #दर्ण मजी8रा कराण्या त आ ह#त आलिर्ण नित अ स8चा त म+ *रिराच्छेद ४ च्या अटं ज्या स रा अ* कत क* फाh स तर्त्या भा च्या हक्क चा द वा क आह, र्त्या *8र्ण कल्या बोद्दा सम + कराण्या त अयशस्व ठीरा . २२. अलिभा वारा स दरा क ल्या स मग्र चा अवा #क कल्या तरा, आमचा

सम + झे आह कh अ* कत क* अ स8चा त म+ *रिराच्छेद ४ अतगीत सदलिभात क ल्या अटं चा , ज्या चा सदभा दण्या त आ आह, *8तत कराण्या त अयशस्व ठीरा आह. २३. *रिरार्ण म , अ* , र्त्या त क#ठीह तथ्या सल्या मळ, फाटं ळण्या त आ आह. चा बो बोत क#र्णत ह आदश ह . २४. प्र निबोत अजी (जीरा अ क लि+क असत ), जीरा क ह असत तरा त, नि क क ढेण्या त आ आहत. २००७ चा निदवा र्ण अ* क्र. ५६३६ : २५. ह अ* मडळ २००८ च्या निदवा र्ण अ* क्रम क २४०२ म+ निद क ९ ऑगीस्ट, २००७ रा#जी च्या अगीद र्त्या चा आक्षानि*त न्या यनि र्णय निवारुद्ध द क आह. र्त्या मळ, प्रस्तोत अ* सदभा त तथ्या चा * रुच्च रा कराण्या चा गीराजी ह . २६. य न्या य य भा रात चा रा# आलिर्ण निवानि मय मडळ निवारूद्ध रा ष्टी” य शअरा बो जी रा सदस्य सघेटं आलिर्ण इंतरा एक (उ*रा#ल्लखि त) मध्ये * रिरात क न्या यनि र्णय क्षा त घेत , स*8र्ण गी#ष्टी बो बोत क#र्णत ह अलि+कचा प्रश्न लिशल्लक रा ह ल्या मळ

मडळ द क अ* यशस्व ह#ण्या स * त्री आह. २७. *रिरार्ण म , अ* यशस्व ह#त आलिर्ण त मजी8रा कराण्या त यत आह. २८. प्र निबोत अजी (जीरा अ क लि+क असत ), जीरा क ह असत तरा, त नि क क ढेण्या त आ आहत. ……………………………न्या यम8त9 (अजीय रास्तो#गी ) ……………………………न्या यम8त9 (बो एम. नित्रीवाद ) वा निदल्ल ; २० म चा, २०२३. अस्व करार्ण य न्या यनि र्णय च्या मरा ठी भा षात य अ वा द चा वा *रा ह *क्षाक रा स र्त्या च्या /नितच्या म तtभा षामध्ये र्त्या चा अथो समजी8 घेण्या *रात चा मय निदत रा ह आलिर्ण र्त्या चा इंतरा क#र्णर्त्या ह क रार्ण करात वा *रा करात यर्ण रा ह . तसचा इंग्रजी भा षात न्या यनि र्णय ह चा सवा व्य वाह रिराक आलिर्ण क य य वा *रा करिरात निवाश्वस य अस आलिर्ण त#चा र्त्या त आदश च्या नि ष्प द आलिर्ण अम बोजी वार्ण करात वाZ+ म जी ई . -x-x-x-x-x-x-x-x-x-x-x-x-x-x-

JUDGMENT